गुरुवार, 1 नवंबर 2012

सुब्रह्मण्यम स्वामी : सोनिया, राहुल पर नए आरोप


सुब्रह्मण्यम स्वामी ने लगाए सोनिया, राहुल पर नए आरोप

http://khabar.ndtv.com/news/show/subramanyam-swami-targets-sonia-rahul-gandhi-28157
स्वामी के गंभीर आरोप
 एनडीटीवी खबर  
सुब्रह्मण्यम स्वामी ने लगाए सोनिया, राहुल पर नए आरोप

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और उनके पुत्र और कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए जनता पार्टी अध्यक्ष सुब्रमण्यम स्वामी ने उन पर एक फ़र्ज़ी कंपनी चलाने और सरकारी सुविधाओं का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया है.
लेकिन राहुल गांधी के कार्यालय ने एक वक्तव्य जारी कर स्वामी के आरोपों को बेबुनियाद और अपमानजनक बताया है.
वक्तव्य में ये भी कहा गया है कि प्रेस कॉन्फ़्रेंस में सुब्रमण्यम स्वामी के प्रेरित और ग़ैर-ज़िम्मेदाराना बयानों के खिलाफ़ राहुल गांधी हर क़ानूनी कदम उठाने के लिए स्वतंत्र हैं.
इसमें आगे लिखा है, "हम आपको सूचित करते हैं कि आपकी प्रेस कॉन्फ़्रेंस में साफ़तौर पर ग़ैरज़िम्मदेराना बयानों के खिलाफ़ हर मुमकिन क़ानूनी कदम उठाएंगे और हम क़ानून के तहत वो सारी कार्यवाई करेंगे जिससे ये सुनिश्चित हो सके कि आप जैसे व्यक्ति और आपके जैसे संगठन अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का दुरुपयोग न कर पाए."
गुरुवार को नई दिल्ली में एक पत्रकार सम्मेलन में सुब्रमण्यम स्वामी ने दावा किया कि सोनिया और राहुल गांधी ने धोखेबाज़ी से एक सार्वजनिक ट्रस्ट को निजी संपत्ति में बदल दिया.
स्वामी का कहना था, "इन दोंनो कांग्रेसी नेताओं ने दिल्ली में एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटिड कंपनी की हेरल्ड हाउस नाम की 1600 करोड़ रूपए की संपत्ति महज़ 50 लाख रूपयों में हासिल की."
स्वामी के मुताबक राहुल और सोनिया गांधी की यंग इंडियन नाम की निजी कंपनी में 76 प्रतिशत हिस्सेदारी थी जिसका इस्तेमाल उन्होंने एसोसिएटेड जर्नल्स के टेकओवर और हेरल्ड हाउस को हासिल करने के लिए किया.
एसोसिएटेड जर्नल्स कंपनी भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने स्थापित की थी और ये नेशनल हेरल्ड और क़ौमी आवाज़ अख़बार छापती थी. अंग्रेज़ी भाषा का नेशनल हेरल्ड अब बंद हो चुका है.

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 http://www.jagran.com/news

 Swamy accuses Rahul, Sonia of perjury, demands CBI probe
 सोनिया-राहुल ने हड़पी करोड़ों की संपत्ति
Thu, 01 Nov 2012
नई दिल्ली [जागरण ब्यूरो]। गांधी परिवार के दामाद रॉबर्ट वाड्रा के बाद अब सीधे कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और उनके पुत्र राहुल गांधी पर भ्रष्टाचार का आरोप लगा है। वाड्रा पर अरविंद केजरीवाल के खुलासों से पैदा हुई गरमी अभी थमी नहीं थी कि जनता पार्टी अध्यक्ष सुब्रमण्यम स्वामी ने दस्तावेजी सुबूतों के साथ सीधे संप्रग अध्यक्ष सोनिया गांधी और उनके पुत्र राहुल गांधी पर हमला कर सियासी भूचाल ला दिया है। आरोप है कि इन दोनों ने एक निजी कंपनी बनाकर अखबारों की 1600 करोड़ की जायदाद हासिल कर ली है।
सोनिया गांधी और उनके परिवार के खिलाफ वर्षो से विवादास्पद बयान देते रहे स्वामी ने इस बार इन पर कंपनी कानून, आय कर कानून और भारतीय दंड संहिता और निर्वाचन कानूनों के उल्लंघन का आरोप लगाया है। स्वामी के मुताबिक कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और महासचिव राहुल गांधी ने मिल कर 'यंग इंडिया' नाम की कंपनी बना कर न सिर्फ दिल्ली, लखनऊ और उत्तर प्रदेश के अन्य शहरों में अखबार के लिए सस्ती दर पर उपलब्ध करवाई गई जमीन पर कब्जा कर लिया, बल्कि इस दौरान कई कानूनों का भी जम कर उल्लंघन किया। स्वामी ने इस पूरे मामले में सीबीआइ या गंभीर अनियमितता जांच कार्यालय [एसएफआइओ] की जांच करवाने की मांग की है। साथ ही उन्होंने कहा है कि वह केजरीवाल की तरह सिर्फ हवा में आरोप नहीं लगाएंगे, बल्कि संबंधित कागजात के साथ अदालत का दरवाजा भी खटखटाएंगे।
राजग में शामिल हो चुके पूर्व सांसद के मुताबिक गांधी परिवार की इस निजी कंपनी ने पिछले साल फरवरी में 'नेशनल हेराल्ड' और 'कौमी आवाज' नाम के अखबार निकालने वाली कंपनी 'एसोसिएट जर्नल्स' [एजेपीएल] को खरीद लिया। स्वामी ने कंपनी रजिस्ट्रार के कागजात पेश कर दावा किया है कि एजेपीएल कंपनी को हासिल करने में बहुत सी अनियमितताएं हुई हैं। इसे कांग्रेस पार्टी की ओर से 90 करोड़ का बिना जमानत का कर्ज दिया गया था, जबकि कानूनन कोई पार्टी किसी कंपनी को कर्ज नहीं दे सकती।
राहुल गांधी की कंपनी ने दिल्ली के आइटीओ के पास अखबार चलाने के लिए दी गई कीमती जमीन पर बने 'हेराल्ड हाउस' को किराए पर दे दिया। पिछले दिनों विदेश मंत्री एसएम कृष्णा ने इसी बिल्डिंग में पासपोर्ट सेवा केंद्र का उद्घाटन किया, जिसके लिए नई कंपनी को सरकार मोटा किराया दे रही है। यहां तक कि इस कंपनी ने रजिस्ट्रार को दी गई जानकारी में माना है कि कंपनी के शेयर धारकों की बैठक सोनिया गांधी के सरकारी आवास दस जनपथ में हुई। जबकि कानूनन सरकारी आवास का काम किसी व्यावसायिक काम के लिए नहीं किया जा सकता।
यहां तक कि कंपनी ने पिछले साल रजिस्ट्रार के पास अपने शेयर धारकों की जो लिस्ट दी है, उसमें 80 फीसद नाम ऐसे हैं, जिनका काफी पहले निधन हो चुका है। यहां तक कि इसमें जवाहर लाल नेहरू, इंदिरा गांधी और जीडी बिरला तक के नाम शामिल हैं। स्वामी के मुताबिक राहुल पुरानी कंपनी एजेपीएल में भी बड़े शेयर धारक थे, लेकिन चुनाव आयोग को दिए शपथपत्र में उन्होंने इसकी जानकारी छुपा ली।
स्वामी के खिलाफ अदालत जाएंगे राहुल गांधी
सुब्रमण्यम स्वामी के आरोपों का पहली बार गांधी परिवार ने भी सीधा और तीखा प्रतिकार किया है। स्वामी की ओर से लगाए गए आरोपों को आधारहीन और तथ्यहीन बताते हुए कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है। कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी के कार्यालय ने स्वामी के नाम पत्र के जरिये चेताया है कि उनके आरोपों के खिलाफ सभी संभव कानूनी कार्रवाई किए जाएंगे ताकि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का दुरुपयोग न हो।
कांग्रेस महासचिव की ओर से उनके सहयोगी एस रामाकृष्णन के लिखे इस पत्र में कहा गया है कि स्वामी के आरोप पूरी तरह से दुर्भावना से प्रेरित और गैर-जिम्मेदाराना हैं। लिहाजा इसके खिलाफ कानून में उपलब्ध हर तरीके का इस्तेमाल किया जाएगा ताकि स्वामी जैसे व्यक्ति और उनकी पार्टी जैसा संगठन लिखने और बोलने की स्वतंत्रता का गलत इस्तेमाल न करे।

महंगा हुए एलपीजी सिलेंडर

कांग्रेस का मतलब महंगाई बढाओ सरकार
यह खबर पढ़ें .......



महंगा हुए एलपीजी सिलेंडर,
अब 922 रुपये चुकानी होगी कीमत
dainikbhaskar.com | Nov 01, 2012,
एक तरफ जहां सितंबर के आंकड़े देश में महंगाई कम होने की वकालत कर रहे हैं वहीं, सरकार ने एक बार फिर से आम आदमी पर महंगाई का बोझ डाल दिया है। इस बार ये

बोझ एलपीजी सिलेंडर के चलते पड़ा है। दरअसल, सरकार ने बिना सब्सिडी वाले एलपीजी सिलेंडर के दाम में 26.50 रुपये बढ़ा दिए हैं। ऐसे में अब आम आदमी को बिना सब्सिडी वाला सिलेंडर खरीदने के लिए 922 रुपये चुकाने होंगे। यानी अब सातवां सिलेंडर आम आदमी की जेब और ढीली करने वाला है।
तेल कंपनियों और सरकार ने हाल ही में फैसला लिया था कि बिना सब्सिडी वाले गैस सिलेंडरों का दाम हर महीने अंतरराष्ट्रीय कीमत के अनुसार तय होंगे। इसके तहत ही कंपनियों ने कीमत में बदलाव किया है। बाजार मूल्य पर बिकने वाले घरेलू सिलेंडर पर बोझ कम करने के लिये सरकार ने उत्पाद एवं सीमा शुल्क से छूट दी है। दिल्ली में व्यावसायिक उपयोग वाले वाणिज्यिक एलपीजी सिलेंडर का दाम अब 1,062 रुपये होगा जबकि 19 किलो वाले सिलेंडर का दाम 1,636.50 रुपये होगा।
दिलचस्प है कि सरकार ने पिछले महीने ही सब्सिडी वाले सिलेंडरों की आपूर्ति को सीमित करने का फैसला लिया है। सब्सिडी वाले सिलेंडरों की संख्या सीमित करने के बाद यह संख्या केवल 6 ही रह गई है। बाकी के सिलेंडरों के लिए बाजार मूल्य पर ही कीमत चुकानी होगी। वर्तमान में सब्सिडी वाले 14.2 किलो वाले गैस सिलेंडर के लिए दिल्ली में 399 रुपये चुकाने पड़ रहे हैं।