बुधवार, 5 फ़रवरी 2014

कांग्रेस ने प्रणव दा को दो बार प्रधान मंत्री पद से रोका - नरेंद्र मोदी



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भारत को तीसरे दर्जे का देश बना देगा तीसरा मोर्चा : नरेंद्र मोदी
ज़ी मीडिया ब्‍यूरो
Wednesday, February 05, 2014
कोलकाता : भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी बुधवार को ममता बनर्जी के गढ़ में जमकर गरजे और सोनार बांग्‍ला को फिर से वापस लाने का प्रण दोहराया। कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड मैदान में जनचेतना रैली में इकट्ठा हुई भारी जनसमूह को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि देश की जनता ने अब फैसला कर लिया है। देश अब इंतजार करने के मूड में नहीं है।

मोदी ने पश्चिम बंगाल में अपनी पहली चुनावी रैली को बुधवार को संबोधित करते हुए वाम दलों और तीसरे मोर्चे की आलोचना करते हुए कहा कि ये भारत को तीसरे दर्जे का देश बना देंगे।

एक विशाल रैली (जनचेतना रैली) को संबोधित करते हुए उन्होंने तृणमूल कांग्रेस और इसकी नेता ममता बनर्जी के खिलाफ थोड़ा नरम रुख अपनाया। जाहिर तौर पर चुनाव के बाद उन्हें रिझाने की कोशिश के तहत मोदी ने ऐसा किया। मोदी ने बंगाल के लोगों के साथ भावनात्मक संबंध बनाने की कोशिश करते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस ने प्रणब मुखर्जी को 2004 में प्रधानमंत्री नहीं बनने दिया जबकि वह इस पद के हकदार थे।

मोदी ने वाम और उसके सहयोगी दलों की कटु आलोचना करते हुए कहा कि इन पार्टियों ने देश के पूर्वी क्षेत्र को अपने शासन से तहस नहस कर दिया है जबकि पश्चिम भारत ने तरक्की की क्योंकि इन पार्टियों ने इस क्षेत्र में कभी शासन नहीं किया। उन्होंने अपने भाषण में कहा कि ये लोग (वाम और इसके सहयोगी) मुसलमानों को गुमराह कर धर्मनिरपेक्षता के नाम पर वोट बैंक की राजनीति करते हैं। इन लोगों ने पूर्वी क्षेत्र को तहस नहस कर दिया है। आपको इन लोगों को भारतीय राजनीति से सदा के लिए हटा देना चाहिए। मोदी अपने भाषण में बीच-बीच में बांग्ला में कुछ पंक्तियां बोल रहे थे।

भाषण के शुरू में भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार ने ममता के प्रति थोड़ा सख्त रूख अपनाते हुए लोगों से पूछा कि क्या ‘पोरिबर्तन’  हुआ है और क्या उन्हें लगता है कि चीजें बदल गई हैं। लोग अभी तक इसका इंतजार कर रहे हैं। हालांकि बाद में उन्होंने थोड़ा नरम रुख अपनाते हुए कहा कि विधानसभा चुनाव के बाद आपके पास ममता के नेतृत्व में एक निर्वाचित सरकार है। उन्होंने कहा कि लोग सभी 42 लोकसभा सीटों पर भाजपा के उम्मीदवारों को चुनकर प्रयोग कर सकते हैं। तृणमूल को राज्य में और भाजपा को केंद्र में शासन करने दीजिए।

मोदी ने कहा कि बंगाल ने हमेशा देश को रास्ता दिखाया है। आप सभी लोकसभा सीटों पर भाजपा उम्मीदवारों को चुनिए। तृणमूल यहां अपना काम करेगी। आप उन्हें राज्य में काम के लिए जवाबदेह ठहराइए और मुझे देश में काम के लिए। मुकाबला होने दीजिए..पश्चिम बंगाल सरकार अकेले राज्य की किस्मत नहीं बदल सकती। आपको दिल्ली की मदद की जरूरत पड़ेगी। उन्होंने कहा कि केंद्र में मेरे साथ, राज्य में ममता बनर्जी के साथ, यह आपके लिए बहुत बढ़िया स्थिति होगी और प्रणब दा को निगरानी करने दीजिए।

मोदी ने अपने शब्दों के तीक्ष्ण बाण वाम दलों और उनके सहयोगियों पर चलाए। वाम दल ममता के भी चिर प्रतिद्वंद्वी हैं। मोदी ने कहा कि ये लोग चुनाव से पहले एक साथ हो जाते हैं। इन्हें गरीबों की याद आती है और धर्मनिरपेक्षता का राग अलापते हैं। तीसरे मोर्चे का इरादा देश को तीसरे दर्जे का बनाना है। उन्होंने इन दलों पर गुजरात के खिलाफ अफवाह फैलाने का आरोप लगाते हुए कहा कि मुसलमानों की प्रति व्यक्ति आय गुजरात में सर्वाधिक है। हज कोटा के तहत राज्य को आवंटित 4,800 सीटों के लिए 37,000 से अधिक आवेदक थे जबकि बंगाल में 11,600 सीटों के लिए सिर्फ 12,000 आवेदक थे।

मोदी ने कहा कि कांग्रेस ने 1984 में इंदिरा गांधी की हत्या के बाद मुखर्जी को प्रधानमंत्री बनाने से इनकार कर दिया, हालांकि उस वक्त वह कैबिनेट के सर्वाधिक वरिष्ठ मंत्री थे। वहीं, राजीव गांधी ने उन्हें अपनी कैबिनेट से हटा दिया। उन्होंने कहा कि जब 2004 में सोनिया गांधी ने प्रधानमंत्री बनने से इनकार कर दिया, तब यह स्वभाविक था कि प्रणब दा को मौका दिया जाता लेकिन एक बार फिर उन्हें अस्वीकार दिया गया।

मोदी ने भीड़ से संपर्क साधने के लिए स्वामी विवेकानंद, रवीन्द्र नाथ टैगोर, सुभाष चंद्र बोस जैसी बंगाल की महान शख्सियतों का जिक्र किया तथा बोस के मशहूर नारे की तर्ज पर कहा कि तुम मुझे साथ दो, मैं तुम्हें स्वराज दूंगा। मोदी ने कहा कि विवेकानंद का सपना था कि भारत जगद्गुरू बने। सदियों पहले भारत विश्व का नेतृत्वकर्ता था। लेकिन हम भूल गए कि ऐसा तभी था जब बंगाल देश का नेतृत्वकर्ता था, आपको अवश्य नेतृत्व करना चाहिए और ऐसी पार्टी के लिए वोट करना चाहिए जो एक बार फिर बंगाल को बदल सके। उन्होंने राज्य में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों का मुद्दा उठाते हुए कहा कि वे भारत के युवाओं की नौकरियां हथिया ले रहे हैं और भारतीयों के संसाधनों का दोहन कर रहे हैं।

मोदी ने आंकड़ों का जिक्र करते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल एक पिछड़ा राज्य बन गया है। उन्होंने लोगों से अपने (भाजपा के) लिए वोट कर इसका भविष्य बदलने को कहा।


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ममता पर नरम मोदी को TMC ने बताया ‘दंगों का हीरो’
आईबीएन-7 | Feb 05, 2014

नई दिल्ली। बीजेपी के पीएम उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने प्रणब मुखर्जी को प्रधानमंत्री ना बनाने के लिए कांग्रेस को जमकर कोसा। कोलकाता में पार्टी की रैली को संबोधित करने पहुंचे मोदी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के परिवर्तन के नारे पर सवाल तो उठाया लेकिन तीखा हमला करने से बचते नजर आए। लेकिन टीएमसी ने मोदी को आड़े हाथों लेते हुए कहा है कि दंगों का हीरो ममता बनर्जी के परिवर्तन को नहीं समझ सकता।

नरेंद्र मोदी बुधवार को कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड मैदान में अपनी ताकत दिखाने पहुंचे। पश्चिम बंगाल में कमजोर कही जाने वाली बीजेपी ने इस रैली को कामयाब बनाने के लिए पूरी ताकत झोंक दी थी। मोदी ने शुरुआत बंगला बोल कर की और फिर बंगाल के पुराने गौरव का गान किया। लेकिन असल मकसद तो राजनीति थी, लिहाजा लोगों को याद दिलाया कि 1984 और 2004 में वरिष्ठतम होने के बावजूद प्रणब मुखर्जी को कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नहीं बनने दिया। बंगाल के लोगों को इसे भूलना नहीं चाहिए।

मोदी ने कहा कि जब श्रीमती गांधी की हत्या हुई, राजीव गांधी कोलकाता में थे। लोकतंत्र का क्या हुआ। उस दौरान कांग्रेस में सबसे सीनियर नेता प्रणब मुखर्जी थे। प्रणब को ही प्रधानमंत्री बनाया जाना चाहिए था लेकिन लगा कि कुछ चल रहा है। बाद में राजीव गांधी की सरकार बनी तो प्रणब को मंत्रिमंडल में भी लेने से इनकार कर दिया। इतना ही नहीं 2004 में सबसे सीनियर नेता थे प्रणब दा। बहुत स्वाभाविक था कि अगर मैडम सोनिया नहीं चाहती थीं तो प्रणब बनते लेकिन मनमोहन को मौका दिया गया। ये कांग्रेस के कारनामों को समझने की आवश्यकता है।

मोदी ने वाममोर्चे के 35 साल के शासन की तीखी आलोचना की। उन्होंने कहा कि सांप्रदायिकता विरोध का गीत गाने वालों ने सूबे को बर्बाद कर दिया। लेकिन 2014 चुनाव के बाद की संभावना को देखते हुए ममता बनर्जी पर तीखा हमला करने से मोदी ने परहेज किया। ममता के परिवर्तन के नारे पर सवाल तो उठाया लेकिन संकेत दिया कि दिल्ली में बीजेपी और कोलकाता में ममता सरकार का होना बेहतर होगा।

नरेंद्र मोदी ने कहा कि मैंने अभी शुरू में कहा था कि बंगाल में हमें सेवा का मौका दीजिए। सबके सब कमल पर वोट कीजिए। आपको तीन गुना फायदा होगा। एक, ममता को यहां परिवर्तन के लिए बिठाया। दूसरा दिल्ली में आप मुझे बिठाओगे और तीसरा मेरे ऊपर प्रणब दा भी बैठे हैं ये भी आपके हैं।

मोदी के इस बयान की तीखी प्रतिक्रिया हुई है। कुछ दिन पहले ब्रिगेड मैदान में ही रैली करके मोदी को दंगों का चेहरा कह चुकीं ममता बनर्जी की पार्टी यानी टीएमसी नेता कल्याण बनर्जी ने ट्विटर पर लिखा कि दंगों का हीरो कैसे जान सकता है कि ममता बनर्जी पश्चिम बंगाल में कैसा परिवर्तन लाई हैं।

वहीं लेफ्ट ने भी हमला बोलते हुए कहा है कि बीजेपी भ्रष्टाचारियों की पार्टी है। सीपीएम नेता मो. सलीम ने कहा कि उनके पहले अध्यक्ष किस तरह से पैसे लेते हुए पकड़े गए थे, उन्हें पता होना चाहिए। जितने घोटाले हुए, वामपंथियों का नाम आज तक नहीं आया। भाजपा की लहर वामपंथी ही रोक सकते हैं।

साफ है कि टीएमसी मोदी की ओर रुख नरम दिखाकर चुनाव में खामियाजा भुगतने का खतरा मोल नहीं ले सकती। लेकिन मोदी के लिए ममता एक उम्मीद का नाम हैं जो प्रस्तावित तीसरे मोर्चे में भी नहीं जा सकतीं जहां उनके धुर विरोधी वामपंथी दल पहले से मौजूद हैं।